नवाबों की नगरी लखनऊ में गुरुवार को HAZBE का शुभारंभ किया गया। यह एआई आधारित मुस्लिम लाइफस्टाइल सुपर ऐप है, जिसमें इबादत, आध्यात्मिक मार्गदर्शन, नेक कार्यों के रिकॉर्ड और कम्युनिटी कॉमर्स को एक ही डिजिटल प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध कराया गया है।

HAZBE Company द्वारा विकसित इस प्लेटफॉर्म ने 3EA Global को स्ट्रैटेजिक मैनेजमेंट कंसल्टेंट एवं नॉलेज पार्टनर के रूप में जोड़ा है, जो परियोजना के रणनीतिक, ज्ञान आधारित और क्रियान्वयन संबंधी ढांचे में सहयोग कर रहा है। HAZBE का अर्थ “ईश्वर का उपहार” बताया गया है। कंपनी के अनुसार, वर्तमान में लोग नमाज, आध्यात्मिक सवालों, इबादत और समुदाय से जुड़ी विभिन्न गतिविधियों के लिए अलग-अलग मोबाइल एप्लिकेशन का इस्तेमाल करते हैं। HAZBE का उद्देश्य इन सुविधाओं को एक एआई आधारित डिजिटल इकोसिस्टम में एक साथ उपलब्ध कराना है। प्लेटफॉर्म की प्रमुख सुविधा Dua AI है, जिसके साथ दैनिक इबादत के विभिन्न टूल, नेक कार्यों का डिजिटल रिकॉर्ड और मुस्लिम लाइफस्टाइल उत्पादों एवं सेवाओं के लिए मार्केटप्लेस भी उपलब्ध कराया गया है। प्लेटफॉर्म की प्रमुख विशेषता Dua AI है, जो ChatGPT पर आधारित है। कंपनी के अनुसार, इसे विशेष रूप से कुरआन, सहीह अल-बुखारी और सहीह मुस्लिम तक सीमित रखा गया है। इसका उद्देश्य इन निर्धारित इस्लामी स्रोतों के आधार पर दुआ और आध्यात्मिक मार्गदर्शन से संबंधित जानकारी उपलब्ध कराना है।

HAZBE के स्ट्रैटेजिक मैनेजमेंट कंसल्टेंट एवं नॉलेज पार्टनर के रूप में 3EA Global ने परियोजना के रणनीतिक और ज्ञान संबंधी पहलुओं में सहयोग किया है। इसमें ज्ञान संरचना और उस फ्रेमवर्क के विकास में सहयोग शामिल है, जिसके माध्यम से Dua AI को HAZBE द्वारा निर्धारित प्रमाणित इस्लामी स्रोतों से जोड़ा गया है। कंपनी के अनुसार, यह साझेदारी HAZBE की अवधारणा को एक व्यवस्थित डिजिटल प्लेटफॉर्म में विकसित करने की लगभग नौ महीने की सहयोगात्मक यात्रा का हिस्सा रही है। लॉन्च के अवसर पर 3EA Global के सीईओ डॉ. विभोर मिश्रा ने HAZBE की अवधारणा से लेकर उसके वास्तविक डिजिटल प्लेटफॉर्म बनने तक की यात्रा के बारे में जानकारी दी। उन्होंने बताया कि HAZBE को एक लाइव प्लेटफॉर्म के रूप में तैयार करने में करीब नौ महीने का रणनीतिक नियोजन, नॉलेज डेवलपमेंट, टेक्नोलॉजी कोऑर्डिनेशन, क्रियान्वयन और निरंतर सुधार का कार्य हुआ। डॉ. मिश्रा ने लखनऊ की टीम के योगदान को भी रेखांकित किया। परियोजना का पूरा कार्य लखनऊ की टीम द्वारा किया गया, जिसका नेतृत्व प्रोजेक्ट कंसल्टेंट कृतज्ञ सिंह ने किया और नेशनल बिजनेस पार्टनर प्रणव भास्कर के निर्देशन में टीम ने काम किया। टीम ने परियोजना के विभिन्न चरणों में काम करते हुए शुरुआती अवधारणा को एक ऐसे ऑपरेशनल डिजिटल प्लेटफॉर्म में बदलने में सहयोग किया, जिसे लॉन्च किया जा सके।

डॉ. विभोर मिश्रा, सीईओ, 3EA Global ने कहा, “HAZBE इस बात का उदाहरण है कि किस प्रकार एक मजबूत अवधारणा को व्यवस्थित रणनीति, ज्ञान और क्रियान्वयन के माध्यम से एक वास्तविक डिजिटल प्लेटफॉर्म में बदला जा सकता है। करीब नौ महीने की इस यात्रा में विभिन्न टीमों के बीच लगातार सहयोग आवश्यक रहा। मुझे विशेष रूप से कृतज्ञ सिंह के नेतृत्व और प्रणव भास्कर के निर्देशन में काम करने वाली लखनऊ टीम के प्रयासों पर प्रसन्नता है।” HAZBE में दैनिक धार्मिक एवं आध्यात्मिक गतिविधियों के लिए कई सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं। इनमें Abjad Name Decoder, किबला दिशा, डिजिटल तस्बीह और नमाज के समय की जानकारी देने वाला Namaz Companion, जुमे की नमाज के समय की जानकारी, इस्लामिक अवसरों की सूचनाओं वाला हिजरी कैलेंडर तथा My Masjid शामिल हैं। My Masjid के माध्यम से उपयोगकर्ता अपनी पसंद की मस्जिद से संबंधित अलर्ट को व्यक्तिगत रूप से सेट कर सकते हैं। वहीं Neki Khata उपयोगकर्ताओं को इबादत, सदका और अन्य नेक कार्यों का निजी डिजिटल रिकॉर्ड रखने की सुविधा देता है। HAZBE ने डिजिटल कॉमर्स के क्षेत्र में भी प्रवेश किया है। HAZBE Commerce के माध्यम से मुस्लिम लाइफस्टाइल ब्रांड्स और सर्विस प्रोवाइडर्स के लिए एक मार्केटप्लेस उपलब्ध कराया गया है। कंपनी के अनुसार, इसमें शामिल व्यवसाय अपने उत्पाद और सेवाएं सीधे HAZBE के उपयोगकर्ताओं तक पहुंचा और बेच सकेंगे तथा इसके लिए जीरो-कमीशन मॉडल प्रस्तावित किया गया है। इसका उद्देश्य ब्रांड्स और सेवा प्रदाताओं को ग्राहकों तक सीधे पहुंचने का माध्यम उपलब्ध कराने के साथ-साथ यूजर्स की जीवनशैली और मूल्यों से जुड़े उत्पादों एवं सेवाओं के लिए एक समर्पित डिजिटल मार्केटप्लेस तैयार करना है। HAZBE के लॉन्च के लिए लखनऊ का चयन भी महत्वपूर्ण माना गया है। इस शहर का इस्लामी अध्ययन, jurisprudence, उर्दू साहित्य और अवध संस्कृति से लंबे समय से जुड़ाव रहा है। लखनऊ ऐतिहासिक रूप से बौद्धिक और सांस्कृतिक गतिविधियों का महत्वपूर्ण केंद्र रहा है। HAZBE के अनुसार, लखनऊ से लॉन्च के माध्यम से पारंपरिक विरासत और आधुनिक तकनीक को जोड़ते हुए अपनी वैश्विक डिजिटल यात्रा की शुरुआत की गई है।

HAZBE के लॉन्च कार्यक्रम की मेजबानी HAZBE के संस्थापक शान जमशेद और 3EA Global के सीईओ विभोर मिश्रा ने की। कार्यक्रम में इस्लामी विद्वानों, सामुदायिक प्रतिनिधियों, कारोबारी नेताओं, टेक्नोलॉजी इनोवेटर्स और मीडिया प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया। कार्यक्रम के दौरान Dua AI, Namaz Companion, Neki Khata, My Masjid और HAZBE Commerce की सुविधाओं का प्रदर्शन भी किया गया। HAZBE के संस्थापक शान जमशेद ने कहा, “2.06 अरब मुसलमान ऐसे डिजिटल प्लेटफॉर्म के हकदार हैं, जो उनके विश्वास, इबादत और दैनिक जीवन को ध्यान में रखकर बनाया गया हो और जहां उन्हें मिलने वाले जवाबों पर भरोसा किया जा सके। HAZBE ऐसा ही प्लेटफॉर्म है।




